महाराष्ट्र में प्रशासन ने Rakesh Tikait की मीटिंग को नहीं दी मंजूरी

मुंबई, Nit. :
महाराष्ट्र में बढ़ते कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए यवतमाल जिला प्रशासन ने किसान नेता राकेश टिकैत की 20 फरवरी को होने वाली मीटिंग को मंजूरी नहीं दी है। आपको बता दें कि 20 फरवरी को संयुक्त किसान मोर्चा एक रैली का आयोजन यवतमाल जिले में करना चाहता था। रैली के आयोजकों ने एक फ्रेश एप्लीकेशन जिला प्रशासन के पास दोबारा भेजी है। जिसमें उन्होंने कहा है कि इस रैली में 50 से ज्यादा लोग शामिल नहीं होंगे और इसे सोशल मीडिया के जरिए जनता के बीच पहुंचाया जाएगा।
हालांकि इस अर्जी पर जिला प्रशासन ने अभी तक कोई भी फैसला नहीं लिया है। माना जा रहा है कि यह रैली दिल्ली किसान आंदोलन के बाद महाराष्ट्र में सबसे बड़ी रैली होती। दिल्ली में किसान कई महीनों से कृषि कानून के खिलाफ मोर्चे पर डटे हुए हैं। इसी के मद्देनजर देशभर में समर्थन जुटाने के लिए इस रैली का आयोजन किया गया था।
यवतमाल में लगा लॉकडाउन
कोरोना महामारी का खतरा महाराष्ट्र के विदर्भ इलाके में काफी तेजी से बढ़ रहा है। विदर्भ का यवतमाल इसका सबसे ज्यादा प्रभावित जिला माना जा रहा है। जिलाधिकारी ने यहां पर लॉकडाउन की भी घोषणा कर दी है।हालांकि यह लॉकडाउन हाई-रिस्क और लो-रिस्क एरिया के हिसाब से लगाया जाएगा। यानी इस जहां पर ज्यादा मरीज हैं वहां ज्यादा कड़े नियम लागू किए जाएंगे और जहां मरीजों की संख्या सामान्य है वहां नियमों में कुछ ढील भी दी जा सकती है।
राकेश टिकैत से मिले संजय राउत
शिवसेना के सांसद और नेता संजय राउत समेत अन्य नेताओं ने दिल्ली के पास गाजीपुर बॉर्डर पर जाकर संयुक्त किसान मोर्चा के नेता राकेश टिकैत से मुलाकात की थी। शिवसेना ने अपना समर्थन भी किसान आंदोलन को दिया हुआ है। संजय राउत ने मुलाकात के बाद कहा था कि उद्धव ठाकरे के आदेश पर वे यहां किसानों के बीच आए हैं।
बढ़ रहे हैं कोरोना के मामले
महाराष्ट्र में बीते 24 घंटों में 5,427 नए मामले सामने आए हैं। वहीं राज्य में अब तक कुल मरीजों की संख्या 20,81,520 तक पहुंच गई है। राज्य में बीते 24 घंटों में 38 लोगों की मौत हुई है। जबकि राज्य में अब तक कुल 51,669 लोगों की कोरोना से मौत हो गई है। राज्य में फिलहाल एक्टिव मरीजों की संख्या 40,858 है।
-एजेंसियां
Reactions